यूनिवर्सल सोम्पो में थर्ड-पार्टी क्लेम (तृतीय-पक्ष दावा) का मतलब है कि आपकी गाड़ी से किसी और व्यक्ति या उसकी प्रॉपर्टी को हुए नुकसान (चोट, मृत्यु, या वाहन/संपत्ति क्षति) की भरपाई के लिए क्लेम करना, जिसके लिए आपको तुरंत पुलिस में FIR दर्ज करानी होती है, फिर बीमा कंपनी को सूचित करना होता है, और सभी ज़रूरी कागज़ात के साथ क्लेम फॉर्म भरकर CSC website के ज़रिए मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकरण (MACT) में जमा करना होता है, जो मुआवजे तय करता है.
- यह आपकी गाड़ी से किसी 'तीसरे पक्ष' (थर्ड पार्टी) को हुए नुकसान (शारीरिक चोट, मृत्यु, या उनकी संपत्ति/वाहन को नुकसान) के लिए होता है.
- यह भारत में वाहन चलाने के लिए अनिवार्य कानूनी ज़रूरत है.
- FIR दर्ज करें: दुर्घटना के तुरंत बाद स्थानीय पुलिस स्टेशन में FIR (प्रथम सूचना रिपोर्ट) दर्ज कराएं.
- बीमा कंपनी को सूचित करें: Universal Sompo website पर या उनके टोल-फ्री नंबर 1800-22-4030 पर संपर्क करें.
- दस्तावेज़ जमा करें: सभी ज़रूरी कागज़ात (FIR, मेडिकल रिपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस, RC, आदि) और भरा हुआ क्लेम फॉर्म बीमा कंपनी को दें.
- MACT (मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकरण): इसके बाद मामला MACT को भेजा जाता है, जो तय करता है कि थर्ड पार्टी को कितना मुआवज़ा मिलेगा.
- थर्ड-पार्टी बीमा, आपको अपनी गाड़ी से किसी और को हुए नुकसान के लिए कानूनी देनदारी से बचाता है.
- यह क्लेम थर्ड पार्टी खुद (या उनके कानूनी प्रतिनिधि) आपकी पॉलिसी के तहत करते हैं
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें